बुधवार (1 अप्रैल) को पानीपत नगर निगम ने अवैध कॉलोनियों और कब्जाधारियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की। इस दौरान कई स्थानों पर तोड़फोड़ भी की गई। यह कार्रवाई हरियाणा नगर निगम अधिनियम 1994 के तहत पूर्व में जारी नोटिसों की अनदेखी के बाद हुई।
पुलिस के साथ मिलकर अवैध निर्माण ध्वस्त
जिलाधीश के द्वारा नियुक्त ड्यूटी मजिस्ट्रेट सुमित नांदल की निगरानी में निगम टीम ने पुलिस टीम के साथ मिलकर कई स्थानों पर अवैध निर्माण को ध्वस्त किया। बरसत रोड स्थित भैंसवाल मोड़ पर निगम भूमि पर अवैध रूप से बने करीब 15 खोखे और एक डेयरी को तोड़ा गया। इसके अतिरिक्त सरदार के डेरा के पास करीब तीन एकड़ में विकसित अवैध कॉलोनी में सड़कों और नींव को भी तोड़ा गया।
विजय नगर क्षेत्र में तकरीबन 2 एकड़ में निर्माण हो रही कॉलोनी सहित आसपास की लगभग 16 एकड़ में फैली दो अवैध कॉलोनियों में भी सड़कों और नींव पर भी कार्रवाई की गई। उझा रोड स्थित बीबीएम एन्कलेव, उझा गेट के पास तथा इंडो फार्म के नजदीक भी अवैध निर्माणों को हटाया गया।
प्रॉपर्टी डीलरों के खिलाफ होगी कार्रवाई
नगर निगम की ओर से स्पष्ट किया गया है कि अवैध कॉलोनी काटने वाले मालिकों और प्रॉपर्टी डीलरों के खिलाफ धारा 350-सी के तहत एफआईआर दर्ज कर गिरफ्तारी की कार्रवाई भी की जाएगी।
हाईलाइट्स
- पानीपत नगर निगम ने 1 अप्रैल को अवैध कॉलोनियों पर बड़ा एक्शन लिया
- हरियाणा नगर निगम अधिनियम 1994 के तहत की गई कार्रवाई
- पुलिस बल की मौजूदगी में कई जगहों पर अवैध निर्माण ध्वस्त
- भैंसवाल मोड़ पर 15 खोखे और एक डेयरी तोड़ी गई
- सरदार के डेरा के पास 3 एकड़ में बनी अवैध कॉलोनी पर बुलडोजर चला
- विजय नगर क्षेत्र में 2 एकड़ में बन रही कॉलोनी सहित 16 एकड़ क्षेत्र में कार्रवाई
- उझा रोड, बीबीएम एन्कलेव और इंडो फार्म के पास भी हटाए गए अवैध निर्माण
- प्रॉपर्टी डीलरों और कॉलोनी काटने वालों पर FIR और गिरफ्तारी की चेतावनी
- धारा 350-सी के तहत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी
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