हरियाणा सरकार ने PMAY-U 2.0 योजना के तहत स्टांप शुल्क और पंजीकरण शुल्क दोनों 500 रुपये तय किए

SHARE:

PMAY-U 2.0 Scheme: प्रधानमंत्री आवास योजना-शहरी 2.0 (पीएमएवाई-यू 2.0) के लाभार्थियों पर वित्तीय बोझ कम करने के उद्देश्य से, मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी के निर्देशों के तहत हरियाणा सरकार ने इस योजना के अंतर्गत 60 वर्ग मीटर तक के घरों के लिए प्रति विक्रय विलेख पर स्टांप शुल्क और पंजीकरण शुल्क 500 रुपये निर्धारित किया है।

स्टाम्प शुल्क को घटाकर 500 रुपये प्रति विलेख निर्धारित

 राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की वित्तीय आयुक्त डॉ. सुमिता मिश्रा ने यहां यह जानकारी देते हुए बताया कि राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग ने 10 अगस्त, 2026 को स्टांप शुल्क और पंजीकरण शुल्क से संबंधित दो अलग-अलग आदेश जारी किए थे। ये आदेश 13 अगस्त, 2026 को हरियाणा सरकार के राजपत्र में प्रकाशित हुए थे। डॉ. मिश्रा ने कहा कि भारतीय स्टाम्प अधिनियम, 1899 के तहत जारी पहले आदेश के अनुसार, हरियाणा के राज्यपाल ने पीएमएवाई-यू 2.0 के तहत 60 वर्ग मीटर तक के मकानों के लिए हस्तांतरण विलेखों पर देय स्टाम्प शुल्क को घटाकर 500 रुपये प्रति विलेख निर्धारित किया है।

ये भी पढ़ें- CM नायब सिंह सैनी के अचानक स्कूल बस दौरे ने बच्चों का दिल जीत लिया

उन्होंने कहा कि यह रियायत तभी दी जाएगी जब हस्तांतरिती आवास विभाग (डीएचएफए) या नामित प्राधिकरण से एक प्रमाण पत्र प्रस्तुत करेगा जो प्रमाणित करता हो कि हस्तांतरिती पीएमएवाई-यू 2.0 के तहत एक पंजीकृत लाभार्थी है।

 पंजीकरण शुल्क से संबंधित प्रावधानों में संशोधन किया गया

दूसरे आदेश में पंजीकरण अधिनियम, 1908 के तहत पंजीकरण शुल्क से संबंधित प्रावधानों में संशोधन किया गया है। इसमें पीएमएवाई-यू 2.0 के तहत 60 वर्ग मीटर तक के मकानों के हस्तांतरण विलेखों के लिए पंजीकरण शुल्क 500 रुपये प्रति विलेख निर्धारित किया गया है, बशर्ते निर्धारित लाभार्थी प्रमाण पत्र प्रस्तुत किया जाए। तदनुसार, पात्र पीएमएवाई-यू 2.0 लाभार्थी को संपत्ति विलेख पर स्टांप शुल्क और पंजीकरण शुल्क के रूप में 500 रुपये का भुगतान करना होगा। यह छूट केवल 60 वर्ग मीटर तक के पात्र पीएमएवाई-यू 2.0 मकानों के लिए है और अन्य संपत्ति लेनदेन पर लागू शुल्कों में कोई छूट या कमी प्रदान नहीं करती है।

Join us on:

Leave a Comment