चंडीगढ़ में ‘वोट चोरी’ के विरोध के बीच मनीष सिसोदिया को हिरासत में लिया गया और AAP नेताओं को बैरिकेड्स पर रोका गया

SHARE:

Manish Sisodia has been taken into custody: पंजाब की सत्ताधारी आम आदमी पार्टी (AAP) ने शनिवार को यहां मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ कथित ‘वोट चोरी’ को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। साथ ही, पार्टी ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ (CJP) के प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने के लिए BJP के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार की कड़ी आलोचना की।

मनीष सिसोदिया और पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा समेत कई नेताओं को लिया गया हिरासत में

 AAP नेता और दिल्ली के पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया और पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के नेतृत्व में AAP कार्यकर्ताओं और नेताओं ने पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय के पास BJP के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन किया। बाद में चंडीगढ़ पुलिस ने सिसोदिया, बलतेज पुनिया और सोनिया मान समेत कई नेताओं को हिरासत में ले लिया। प्रदर्शनकारियों ने ‘वोट छोड़ो, गद्दी छोड़ो’ और ‘लोकतंत्र बचाओ’ जैसे संदेश लिखे पोस्टर-बैनर लिए हुए थे और CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नारे लगाए। AAP के विरोध प्रदर्शन को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया और बैरिकेड्स लगाए गए।

आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता के निधन से पंजाब की राजनीति में छाया मातम

इससे पहले, यहां एक सभा को संबोधित करते हुए सिसोदिया ने BJP के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पर उन युवाओं को हिरासत में लेने का आरोप लगाया जो CEC के इस्तीफे की मांग को लेकर दिल्ली में विरोध प्रदर्शन करने आए थे। राष्ट्रीय राजधानी में भारी पुलिस बल तैनात करने और युवाओं को हिरासत में लेने को लेकर केंद्र पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा, “ऐसी स्थिति तो इमरजेंसी के दौरान भी नहीं देखी गई थी।” 

CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन

सिसोदिया ने कहा, “मोदी को डर है कि अगर प्रदर्शनकारी जंतर-मंतर तक पहुंचने में कामयाब हो गए, तो धर्मेंद्र प्रधान की तरह ज्ञानेश कुमार को भी इस्तीफा देना पड़ सकता है।” शनिवार को चंडीगढ़ में पंजाब के मुख्य निर्वाचन अधिकारी के कार्यालय के पास AAP नेताओं और कार्यकर्ताओं ने CEC ज्ञानेश कुमार के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। 

ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें

सिसोदिया ने कहा कि AAP दिल्ली के जंतर-मंतर पर CJP के विरोध प्रदर्शन के आह्वान का पूरी तरह समर्थन करती है। उन्होंने कहा, “हम भी मांग करते हैं कि ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दें।” उन्होंने दावा किया कि ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविजन’ (SIT) प्रक्रिया के दौरान मतदाता सूची से 13 करोड़ मतदाताओं के नाम हटा दिए गए। उन्होंने आरोप लगाया, “मोदी चुनाव नहीं जीतते; वे वोट चुराते हैं।” 

बीजेपी ने अघोषित इमरजेंसी लागू कर दी

वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने दिल्ली में कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने को लेकर केंद्र सरकार की आलोचना की। चीमा ने कहा, “युवाओं को हिरासत में लिया जा रहा था। जब युवा विरोध प्रदर्शन के लिए दिल्ली आ रहे थे, तो बीजेपी उन्हें उनके लोकतांत्रिक अधिकार का इस्तेमाल करने से रोक रही थी।” उन्होंने आरोप लगाया, “बीजेपी ने अघोषित इमरजेंसी लागू कर दी है।” CJP ने वोटर लिस्ट में हेरफेर के आरोपों और वोटर रजिस्ट्रेशन के लिए इस्तेमाल होने वाले ‘फॉर्म 6’ में बदलावों को लेकर CEC के खिलाफ जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया था। ये आरोप चुनावी रोल के ‘स्पेशल इंटेंसिव रिविजन’ (SIR) के दौरान लगे थे।

Join us on:

Leave a Comment

Market Mystique
और पढ़ें